free tracking
Breaking News
Home / जरा हटके / कभी मुंबई की सड़कों पर खेला करता था ये 10 साल का बच्चा,आज 30 करोड़ रुपये का बन गया मालिक completed

कभी मुंबई की सड़कों पर खेला करता था ये 10 साल का बच्चा,आज 30 करोड़ रुपये का बन गया मालिक completed

दोस्तों आईपीएल टी 20 मैच है जो हर साल आयोजित किये जाते है .आईपीएल में नये नये खिलाडियों को अपने खेल का प्रदर्शन करने का मौका मिलता है . इसी तरह वो खिलाडी भारत की टीम में अपनी जगह बना लेते है .क्रिकेट फैन्स को जिस तरह वर्ल्ड कप का बेसब्री से इंतज़ार रहता है उसी तरह से टी 20 मैच का भी इंतज़ार रहता है .  जसप्रीत बुमराह और हार्दिक पांड्या  भी आईपीएल में अपने खेल के शानदार प्रदर्शन की वजह से भारतीय टीम में शामिल हो पाए थे .अपने शानदार खेल का हुनर दिखने के लिए एक और खिलाडी तैयार है .आपको बता दे उस खिलाडी ने अपने खेल के प्रदर्शन के दम पर आईपीएल में भारतीय टीम में जगह बना ली है .

यह खिलाड़ी कोई और नहीं बल्कि मुंबई इंडियंस के सूर्यकुमार यादव है. सूर्यकुमार यादव के मामले में उन्हें भारतीय टीम में शामिल होने में बहुत देर हो चुकी थी. यह कहना होगा कि उनकी पसंद में गलत किया गया था. क्योंकि 30 साल की उम्र में उन्होंने भारतीय टीम में डेब्यू किया था. सूर्यकुमार यादव को आईपीएल से पहले इंग्लैंड के खिलाफ हाल ही में टी20 सीरीज में मौका मिला था. इसी मौके का फायदा उठाकर उन्होंने दूसरे मैच में अर्धशतक लगाया. उनके खेल के दम पर भारत को भी जीत मिली.मां स्वप्ना यादव और पिता अशोक कुमार के सूर्यकुमार इकलौते बेटे हैं. दीनाला सूर्य की एक बहन है. सूर्यकुमार को बचपन से ही क्रिकेट और बैडमिंटन का शौक था. उन्हें टैटू का भी बहुत शौक है. उनके शरीर पर अभी भी कई टैटू हैं. सूर्या ने मुंबई से कॉमर्स में डिग्री हासिल की है. सूर्या ने अपने स्कूल के दिनों से ही क्रिकेट खेलना शुरू कर दिया था. सूर्या के दादा विक्रम सिंह यादव सीआरपीएफ में इंस्पेक्टर थे. उन्हें 1991 में राष्ट्रपति पुलिस पदक से भी सम्मानित किया गया था.

हालाँकि, सूर्या ने क्रिकेट की ओर रुख किया, जब घर में ऐसा शैक्षिक माहौल था. उन्हें उनके चाचा विनोद यादव ने क्रिकेट की शिक्षा दी थी. बाद में उन्होंने चंद्रकांत पंडित और एचएस कामत से क्रिकेट की शिक्षा ली. सूर्या ने अपनी गर्लफ्रेंड और डांस कोच देवीशा शेट्टी से 2016 में शादी की थी. दोनों की पहली मुलाकात 2012 में मुंबई के आरएम पोद्दार कॉलेज ऑफ कॉमर्स में हुई थी. देवीशा सूर्या की बल्लेबाजी की बहुत बड़ी फैन थीं. तो सूर्या उनके डांस की फैन थीं. सूर्या क्रिकेट के अलावा भारत पेट्रोलियम में मैनेजर के तौर पर भी काम करते हैं.2013 में, सूर्या के नेतृत्व में भारतीय अंडर -23 टीम ने इमर्जिंग एशिया कप जीता. उन्होंने 2011-12 के रणजी सत्र में ओडिशा के खिलाफ दोहरा शतक बनाया था. 2010 में, उन्होंने अंडर -22 में 1,000 से अधिक रन बनाए. उन्होंने 2011-12 की रणजी ट्रॉफी में 754 रन बनाए और उस सीजन के सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी बने. इतना अच्छा प्रदर्शन करने के बाद भी उनके लिए भारतीय टीम में मौका मिलना अनुचित था. उन्हें पहली बार आईपीएल में 2011 में मुंबई इंडियंस ने खरीदा था. उन्होंने कुछ सीज़न के लिए कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए भी खेला.

सूर्या को केकेआर ने 2014 में खरीदा था. वह तब सुर्खियों में आए जब उन्होंने 2015 में पांच छक्के लगाए और केकेआर को जीत दिलाने के लिए मुंबई इंडियंस के खिलाफ एक बड़ा रन बनाया. बाद में उन्हें मुंबई ने फिर से खरीद लिया. उसके बाद उन्हें टीम में मौके मिलते रहे और उन्होंने मौकों का सोना बनाया. सूर्या ने अपना पहला मैच दिल्ली के खिलाफ मुंबई के लिए रणजी खेलते हुए खेला था. जिसमें उन्होंने 89 गेंदों में 73 रन की पारी खेली.सूर्या ने पिछले दो सत्रों में 400 से अधिक रन बनाकर मुंबई को ट्रॉफी जीतने में मदद की थी. तभी भारतीय टीम में उनकी मांग हर जगह बढ़ गई. आखिर इस साल के आखिर में उन्हें भारतीय टीम में मौका मिला और उन्होंने अपनी शानदार बल्लेबाजी से फैंस का दिल जीत लिया. सूर्या ने मुंबई रणजी टीम के लिए खेलते हुए भी काफी रन बनाए हैं. अब फैंस को उम्मीद है कि वह भारतीय टीम के लिए वही करेंगे जो उन्होंने मुंबई और मुंबई इंडियंस के लिए किया है.

About Megha

Leave a Reply

Your email address will not be published.